पलिया कलां (खीरी) दुधवा टाइगर रिजर्व प्रभाग, पलिया-खीरी के अन्तर्गत दुधवा टाइगर रिजर्व व किशनपुर वन्य जीव विहार में पर्यटन के शुभारम्भ का उद्घाटन इस बार बड़ी धूम-धाम के साथ दिनांक 01.11.2025 को किया गया। पर्यटन सत्र का पूर्व में शुभारंभ 15 नवंबर से होता रहा है, परंतु विगत 05 वर्षों में 01 नवंबर को पहली बार दुधवा के पर्यटन का शुभारंभ किया गया। जिसका पूर्ववत समापन 15.06.2026 को होना था, परन्तु मानसून विलंब होने के कारण सक्षम स्तर से प्राप्त अनुमति के कम में दुधवा/किशनपुर की सफारी/पर्यटन 30.06.2026 तक (15 दिवस) हेतु बढ़ा दी गयी थी। दुधवा पर्यटन इससे पूर्व कभी भी 30 जून तक संचालित नहीं रहा। यह प्रथम अवसर था जब दुधवा पर्यटन 30 जून तक पर्यटकों की उत्सुकता एवं मौसम के अनुकूल होने के चलते संचालित होने का आदेश किया गया। चूँकि दुधवा की सफारी मंगलवार को बन्द रहने का आदेश है, परन्तु इस बार मंगलवार पर्यटन के अंतिम दिवस पड़ रहा था। इसलिए पर्यटकों में किसी प्रकार की मायूसी न रहे, वह प्रकृति का निर्वाध रुप से अंतिम दिन भी आनंद ले सकें इसलियें सक्षम स्तर से 30 जून, मंगलवार को दुधवा में सफारी कराये जाने की अनुमति प्राप्त की गई। परन्तु 30 जून मंगलवार को अत्यधिक मूसलाधार बारिश के कारण पार्क प्रशासन द्वारा पर्यटकों के जान-माल की सुरक्षा के दृष्टिगत दुधवा की सफारी स्थगित कर दिया गया। हालांकि सायं कालीन सफारी किशनपुर पर्यटन क्षेत्र की संचालित रही। सक्षम स्तर से प्राप्त निर्देश के कम में दुधवा/किशनपुर में पर्यटकों हेतु जंगल सफारी आज दिनांक 30.06.2026 से बन्द कर दिया गया है। पर्यटक वन भ्रमण का आनन्द पुनः नवम्बर, 2026 से ले सकेंगे। इस वर्ष दुधवा/किशनपुर में वन्य जीवों के दीदार निरन्तर होते रहे, जिससे पर्यटकों में जंगल सफारी का रोमांच बना रहा। वन्य जीवों की साइटिंग व अपनी अलौकिक छटा के कारण दुधवा/किशनपुर सोशल मीडियों पर छाया रहा। दुधवा के प्रचार-प्रसार में मीडियाँ बन्धुओं, पर्यटक प्रेमिओं, नेचर गाइडों व जिप्सी चालकों का विशेष योगदान रहा। पर्यटन सत्र 2025-26 को सुचारू रूप से संचालित कराने में पार्क प्रशासन, वन निगम के अधिकारियों/कर्मचारियों, ई०डी०सी० ध्यानपुर, नेचर गाइडों, जिप्सी चालकों, जिला प्रशासन, पुलिस एवं स्थानीय मीडिया बन्धुओं का पूर्ण सहयोग रहा। जिसका परिणाम यह रहा कि इस वर्ष पिछले वर्षों की तुलना में पर्यटको की संख्या में व प्राप्त राजस्व में लगभग डेढ़ गुना वृद्धि रही है, जिस हेतु पार्क प्रशासन सभी को धन्यवाद व्यक्त करता है।
पर्यटन सत्र के समापन अवसर पर दुधवा के समस्त अधिकारी/कर्मचारी, नेचर गाइड, जिप्सी चालक, वन प्रेमी के साथ अन्य स्टाफ आदि मौके पर उपस्थित रहे।