
(ओमप्रकाश सुमन)
पलिया कलां (खीरी)बेलरायां खीरी। सहकारी क्रय-विक्रय समिति बेलरायां में यूरिया खाद वितरण को लेकर किसानों को भारी दिक़्क़तों का सामना करना पड़ रहा है। जरूरत के समय खाद न मिलने से किसान परेशान होकर समिति का चक्कर लगाने को मजबूर हैं।
किसानों का कहना है कि समिति में टोकन सिस्टम के नाम पर बड़ी धांधली चल रही है। कई किसानों ने आरोप लगाया कि लाइन में खड़े होने के बावजूद उन्हें समय पर खाद नहीं मिलती और कुछ चुनिंदा लोगों को लाभ पहुँचा दिया जाता है। इस अव्यवस्था के कारण महिलाओं को भी घंटों लाइन में खड़ा होना पड़ता है, जिससे उनकी सुरक्षा और सम्मान दोनों खतरे में पड़ते हैं। किसानों का कहना है कि “नारी सम्मान” की बातें तो बहुत होती हैं लेकिन जमीनी स्तर पर हालात इसके उलट दिखाई देते हैं स्थानीय किसानों ने बताया कि यूरिया का निर्धारित मूल्य ₹266 प्रति बोरी है, लेकिन वितरण करने वाले कर्मचारी किसानों से जबरन अतिरिक्त पैसे वसूल रहे हैं। किसानों का आरोप है कि “अगर कोई पैसा दे देता है और खाद नहीं मिलती तो राशि भी वापस नहीं की जाती।” इस वजह से गरीब और मज़दूर तबके के किसानों को सबसे अधिक परेशानी झेलनी पड़ रही है। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो वे आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है ताकि खाद वितरण पारदर्शी तरीके से किया जा सके और किसानों को उनके हक की खाद समय पर उपलब्ध हो सके।
