




(ओमप्रकाश ‘सुमन’)
पलिया कलां (खीरी) विश्व प्रसिद्ध दुधवा टाइगर रिजर्व प्रभाग, पलिया-खीरी के पर्यटन सत्र 2026-27 का शुभारंभ आज पूरे विधि-विधान, पूजन-अर्चन और वैदिक मंत्रोच्चार के साथ भव्य रूप से संपन्न हुआ। इस अवसर पर वन्यजीव प्रेमियों और पर्यटकों के लिए एक राहत भरी खबर यह रही कि इस नए पर्यटन सत्र में पर्यटन संबंधी दरों—जैसे कि सफारी वाहन शुल्क, गाइड शुल्क, मार्ग शुल्क, कैमरा शुल्क एवं प्रवेश शुल्क आदि में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है।
दुधवा पर्यटन परिसर में आयोजित पर्यटन सत्र 2026-27 के मुख्य उद्घाटन कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में माननीय विधायक पलिया रोमी साहनी एवं मुख्य वन संरक्षक व फील्ड निदेशक दुधवा टाइगर रिजर्व डॉ. एच. राजा मोहन उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में उप निदेशक दुधवा टाइगर रिजर्व प्रभाग जगदीश आर.दुधवा के क्षेत्रीय वन अधिकारी, पर्यटन विभाग के प्रतिनिधि, विश्व प्रकृति निधि (WWF) के प्रतिनिधि, डॉ. मोहम्मद तलहा तथा दुधवा टाइगर रिजर्व प्रभाग के मुख्यालय एवं विभिन्न रेंजों का समस्त स्टाफ उपस्थित रहा।कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने बताया कि विगत वर्षों में जंगल में स्वच्छंद विचरण हेतु अवमुक्त किए गए 8 गैंडों के कारण पर्यटकों में विशेष आकर्षण और उत्सुकता देखी गई है। इसी का सुखद परिणाम है कि पिछले दो वर्षों में दुधवा आने वाले पर्यटकों की संख्या में लगभग दोगुनी वृद्धि दर्ज की गई है।
किशनपुर वन्य जीव विहार के दोनों द्वारों पर हुआ शुभारंभ
उप निदेशक जगदीश आर. के कुशल निर्देशन में किशनपुर वन्य जीव विहार के पर्यटन सत्र का शुभारंभ इसके 02 मुख्य द्वारों पर अलग-अलग आयोजित किया गया:
प्रथम द्वार (कटैया वन चौकी):
कटैया वन चौकी पर किशनपुर रेंज के चार्जग्राही क्षेत्रीय वन अधिकारी महफूज़ अली की उपस्थिति में सेवानिवृत्त क्षेत्रीय वन अधिकारी मो. अय्यूब, वन्य जीव प्रतिपालक दुधवा महावीर सिंह, क्षेत्रीय वन अधिकारी मैलानी रेंज नवीन दिवाकर, स्थानीय रिसॉर्ट/होटल स्वामियों, वाहन चालकों, नेचर गाइडों एवं स्टाफ की गरिमामयी उपस्थिति में वैदिक मंत्रोच्चार व हवन-पूजन के बाद फीता काटकर पर्यटन सत्र का शुभारंभ किया गया।
द्वितीय द्वार (भीरा-मैलानी पीडब्ल्यूडी रोड, 23 नं. गेट):
किशनपुर वन्य जीव विहार मैलानी के 23 नंबर गेट पर भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर दक्षिण खीरी वन प्रभाग के प्रभागीय वनाधिकारी तपस मिहिर, वन्य जीव प्रतिपालक दुधवा महावीर सिंह, क्षेत्रीय वन अधिकारी मैलानी नवीन दिवाकर, उप निदेशक दुधवा के परिवारीजनों एवं वन विभाग के स्टाफ ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच फीता काटकर सत्र की शुरुआत की । पर्यटकों को बाघ ने पहले ही दिन दिए दर्शन।
