पलिया कलां (खीरी) लखीमपुर खीरी, 29 नवंबर। जिले में धान खरीद एवं उर्वरक वितरण व्यवस्था की स्थिति जानने के उद्देश्य से सीडीओ अभिषेक कुमार ने शनिवार को व्यापक सत्यापन अभियान संचालित कराया। उन्होंने जनपदीय अधिकारियों की टीम लगाकर जिलेभर के धान क्रय केंद्रों और सहकारी समितियों का फील्ड वेरिफिकेशन कराया।
इसी क्रम में सीडीओ अभिषेक कुमार ने प्रशिक्षु आईएएस मनीषा धारवे के साथ कृषि उत्पादन मंडी समिति, राजापुर में स्थापित धान क्रय केंद्रों पर औचक पहुँचे। उन्होंने किसानों के लिए उपलब्ध कराई गई सुविधाओं की जमीनी पड़ताल की और मौजूद किसानों से संवाद कर उनकी समस्याएँ जानीं।
निरीक्षण के दौरान सीडीओ ने तौल मशीन व नमी मापक यंत्र की कार्यशीलता जांची। एक केंद्र पर डस्टर का मोटर खराब मिलने पर उन्होंने नाराज़गी जताते हुए उसे तुरंत ठीक कराने के निर्देश दिए। मंडी में मौजूद मितौली क्षेत्र से आए एक किसान से बातचीत के दौरान यह तथ्य सामने आया कि मितौली क्रय केंद्र पर खरीद की गति धीमी है, जिसके कारण किसान मंडी में धान बेचने आया। इस पर सीडीओ ने मितौली क्रय केंद्र पर खरीद प्रक्रिया को तेज करने के स्पष्ट निर्देश दिए।
*लखपेड़ागंज समिति में स्टॉक होते हुए भी वितरण ठप, सीडीओ नाराज़, लगाई फटकार*
इसके बाद सीडीओ अभिषेक कुमार सीधे बी-पैक्स सहकारी समिति लखपेड़ागंज पहुंचे। यहां उन्होंने उर्वरक वितरण की वास्तविक स्थिति जानी और अभिलेखों की जांच की।
निरीक्षण में पाया कि समिति पर उर्वरक का स्टॉक उपलब्ध है, लेकिन ई-पास मशीन में स्टॉक फीड न होने के कारण वितरण प्रभावित हो रहा है। इस पर सीडीओ ने सहायक आयुक्त एवं निबंधक (सहकारिता) को तत्काल निर्देशित किया कि ई-पास मशीन में स्टॉक की फीडिंग करवाकर उर्वरक का नियमानुसार समय से वितरण सुनिश्चित कराया जाए।
*समय पर केंद्र खोलें, तेज करें तौल और 48 घंटे में भुगतान सुनिश्चित हो : सीडीओ*
सीडीओ ने डिप्टी आरएमओ और एआरसीएस को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि सभी धान क्रय केंद्र नियमित समय पर खुलें और अधिकारी स्वयं प्रतिदिन कम-से-कम पाँच केंद्रों का भ्रमण करें। सीडीओ ने तौल प्रक्रिया में आ रही सुस्ती पर भी सख्त रुख अपनाया। केंद्रों पर तौल बढ़ाने हेतु पर्याप्त कार्मिक लगाए जाएँ, ताकि तौल की गति बढ़ सके और किसानों को देरी न झेलनी पड़े। साथ ही उन्होंने कहा कि बैंकों से समन्वय कर 48 घंटे के भीतर किसानों का भुगतान हर हाल में सुनिश्चित कराया जाए। उधर, जनपदीय अधिकारियों द्वारा किए गए भ्रमण में जो कमियाँ सामने आईं, उन्हें लेकर भी सीडीओ गंभीर दिखाई दिए। उन्होंने एआर कॉपरेटिव से तत्काल विस्तृत रिपोर्ट तलब की।