



(ओमप्रकाश ‘सुमन’)
पलिया कलां (खीरी)लखीमपुर खीरी, 14 अगस्त। मेडिकल कॉलेज देवकली का औचक निरीक्षण करने पहुंचीं डीएम दुर्गा शक्ति नागपाल का धड़ गुस्सा देख स्टाफ और अफसरों के पसीने छूट गए। पूरे कैंपस में सीलन और निर्माण में खामियां देख उन्होंने पीडब्ल्यूडी निर्माण डिवीजन लखनऊ के अधिशासी अभियंता ई. अशोक कुमार को फटकार लगाते हुए तंज कसा कि आपके घर में भी ऐसी सीलन आती है क्या?
निरीक्षण के दौरान डीएम को एनाटॉमी विभाग के हिस्ट्रोलॉजी लैब, म्यूजियम, डाईसेक्शन हॉल से लेकर रेजिडेंशियल ब्लॉक्स तक हर जगह सीलन की भरमार मिली। दीवारों पर गीलापन, निर्माण की खराब क्वालिटी पर डीएम ने जमकर क्लास ली। उन्होंने शिथिल पर्यवेक्षण के लिए अधिशासी अभियंता अशोक कुमार के खिलाफ शासन को पत्र भेजने के निर्देश दिए। प्रमुख सचिव, चिकित्सा शिक्षा से स्वयं बात कर पूरे मामले से अवगत कराया। बताते चलें कि मेडिकल कॉलेज प्रशासन द्वारा बराबर इन कमियों के लिए वर्किंग एजेंसी को अवगत कराया गया। फिर भी उन्हें अनदेखा किया गया।
*तकनीकी टीम करेगी जांच*
शासन की तकनीकी टीम जल्द लखीमपुर खीरी पहुंचकर भवन का परीक्षण करेगी। रिपोर्ट में दोषी पाए जाने पर संबंधित पर सख्त कार्रवाई होगी। डीएम ने साफ शब्दों में कहा कि महत्वपूर्ण परियोजना में लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी, जिम्मेदार बच नहीं पाएंगे।
*महिला चिकित्सालय में भी खामियां*
इससे पहले डीएम ने जिला महिला चिकित्सालय में पुराने भवन की जर्जर हालत देख तत्काल छत और दीवारों की मजबूती, सीलन रोकथाम और त्वरित अनुरक्षण कार्य कराने का आदेश दिया। कहा, जब तक शिफ्टिंग नहीं होती, सुरक्षा और मरम्मत कार्य जारी रहें, ताकि किसी हादसे की संभावना उत्पन्न न होने पाए।इस दौरान उन्होंने मरीजों और उनके तिमारदारों से भी मिल रही सुविधाओं की पुष्टि की।
*07 सितंबर की डेडलाइन*
जिला मुख्यालय स्थित मेडिकल कॉलेज के पुराने भवन के अपग्रेडेशन कार्य का भी डीएम ने जायजा लिया। सख्त निर्देश देते हुए कहा कि काम 07 सितंबर तक गुणवत्ता के साथ पूरा हो, ताकि महिला अस्पताल की पार्ट शिफ्टिंग हो सके। प्राचार्य, वर्किंग एजेंसी और संस्था में तालमेल कर सभी कमियां दूर करने के निर्देश दिए।
*62 लाख के बिजली कार्य की जांच*
जिला मुख्यालय पर मेडिकल कॉलेज के अपग्रेडेशन भवन के निरीक्षण के दौरान अधिशासी अभियंता अशोक कुमार द्वारा अवगत कराया गया कि विद्युत कार्य में 62 लाख रुपये खर्च हुए है। इस पर डीएम ने जांच के आदेश दिए। बोली कागजों में नहीं, धरातल पर दिखना चाहिए काम। गड़बड़ी पाई तो सीधे कार्रवाई होगी।
*इनकी रही मौजूदगी*:
इस दौरान एडीएम नरेंद्र बहादुर सिंह, एसडीएम सदर अश्विनी कुमार सिंह, प्राचार्य-मेडिकल कॉलेज डॉ वाणी गुप्ता, सीएमएस डॉ आरके कोली, डॉ अमित कुमार गुप्ता, उप प्राचार्य डॉ राजेश मौजूद रहे।
